विधानसभा सत्र: बापूग्राम में वन विभाग की कार्रवाई का मुद्दा सदन में उठाया

 

 

 

खबर काम की
ऋषिकेश। गैरसैंण में उत्तराखंड विधानसभा के बजट सत्र के दौरान ऋषिकेश विधायक प्रेमचंद अग्रवाल ने बापूग्राम में वन विभाग की कार्रवाई का मुद्दा सदन में उठाया।

अग्रवाल ने कहा कि बापूग्राम भूमि विवाद वर्तमान में सुप्रीम कोर्ट में विचाराधीन है। वर्ष 2018 में इस क्षेत्र को नगरपालिका ऋषिकेश में शामिल किया गया था। जिसके बाद यहां के कई वार्ड नगर निगम के अंतर्गत आ गए।

उन्होंने बताया कि वर्ष 2011 की जनगणना में यहां की आबादी लगभग 25 हजार थी, जो अब करीब 60 हजार पहुंच गई है। बावजूद वन विभाग द्वारा क्षेत्र को वन भूमि बताते हुए कार्रवाई की जा रही है। बताया कि करीब 2866 एकड़ भूमि पर एम्स ऋषिकेश, आईडीपीएल, सिंचाई और ऊर्जा विभाग समेत कई सरकारी संस्थान स्थापित हैं। जबकि करीब 579 एकड़ भूमि पर लंबे समय से स्थानीय लोग निवास कर रहे हैं।

उन्होंने कहा कि आजादी से पहले यहां के निवासी खेती करते थे। मीराबेन के प्रयासों से उन्हें भूमि उपलब्ध कराई गई थी। वर्ष 1950 में कृषि सहकारी समिति बनाकर लोगों को छोटे-छोटे आवासीय भूखंड दिए गए थे।

विधायक ने सरकार से बापूग्राम को राजस्व ग्राम घोषित करने और निवासियों को भूमि का वैध मालिकाना हक देने की मांग

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *